खेसरहा ब्लॉक में मनरेगा कार्यों पर सवाल
शाम 5 बजे के बाद सैकड़ों श्रमिकों की हाजिरी दर्ज

सिद्धार्थनगर के खेसरहा विकासखंड में मनरेगा कार्यों के तहत श्रमिकों की ऑनलाइन हाजिरी पर सवाल खड़े हो गए हैं। आरोप है कि 29 अगस्त को कई ग्राम पंचायतों में सैकड़ों श्रमिकों की हाजिरी शाम 5 बजे के बाद दर्ज की गई, जबकि दिन में उनकी कोई उपस्थिति दर्ज नहीं की गई थी।
उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, जिन ग्राम पंचायतों में 100 या उससे अधिक श्रमिक दर्ज किए गए हैं, उनमें पेडारी बुजुर्ग (195), बेलवा लगुनही (181), खेसरहा (180), कोटिया (180), कलनखोर (175), फरीदाबाद (173), बरगदवा (165), सुभईकनपुरवा (149), चिउटहा (132) और कठमोरवा (122) शामिल हैं।
एक ही दिन इतनी बड़ी संख्या में श्रमिकों की हाजिरी देर शाम दर्ज होने से स्थानीय स्तर पर स्थिति पर प्रश्नचिह्न लग गया है। लोगों का कहना है कि जब से वीबी-जी राम जी (VB-G RAM G) योजना लागू हुई है, तब से देर शाम हाजिरी दर्ज होने की यह स्थिति लगातार सामने आ रही है।
इस संबंध में खेसरहा के खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) विजय कुमार सिंह से संपर्क करने का प्रयास किया गया। हालांकि, उनका सीयूजी नंबर बंद मिला, जिसके कारण उनका बयान सामने नहीं आ सका है।
इस घटना ने कई प्रश्न खड़े कर दिए हैं: यदि श्रमिक दिनभर कार्यस्थल पर मौजूद थे, तो उनकी हाजिरी समय पर क्यों नहीं ली गई? क्या यह तकनीकी समस्या, नेटवर्क की दिक्कत या किसी प्रशासनिक कारण का परिणाम है? या फिर व्यवस्था में किसी स्तर पर लापरवाही बरती जा रही है? मामले की जांच के बाद ही वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।



