साइबर ठगी में फंसे ₹80,286 लौटाए, खेसरहा पुलिस ने खाते में कराई रकम वापस
साइबर फ्रॉड पर खेसरहा पुलिस का शिकंजा—बैंक से समन्वय कर पीड़ित को दिलाई रकम
खेसरहा। साइबर ठगी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना खेसरहा पुलिस की साइबर टीम ने बड़ी सफलता हासिल की है। UPI के जरिए हुई 99,999 रुपये की साइबर ठगी के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पीड़ित के 80,286 रुपये वापस उसके बैंक खाते में करा दिए।
जानकारी के अनुसार, थाना क्षेत्र के भलुहा निवासी आदित्य बसु देवानन्द पुत्र सुभाष चंद्र मिश्र के साथ 16 फरवरी 2026 को UPI के माध्यम से साइबर फ्रॉड हुआ था। पीड़ित ने मामले की शिकायत एनसीआरपी पोर्टल के माध्यम से दर्ज कराई थी। शिकायत मिलने के बाद थाना खेसरहा की साइबर टीम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित बैंक के साथ समन्वय स्थापित कर ठगी की रकम की रिकवरी के प्रयास शुरू किए।
लगातार कार्रवाई के बाद पुलिस टीम ने फ्रॉड की धनराशि में से 80,286 रुपये की रकम सुरक्षित कराकर 24 अगस्त 2026 को शिकायतकर्ता के खाते में वापस करा दी। रकम वापस मिलने के बाद पीड़ित ने पुलिस टीम के प्रति आभार जताया।
यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन के निर्देश, अपर पुलिस अधीक्षक प्रशान्त कुमार प्रसाद के निर्देशन और क्षेत्राधिकारी बांसी शुबेंदु सिंह के पर्यवेक्षण में थानाध्यक्ष अनूप कुमार मिश्र के नेतृत्व में की गई।
सराहनीय कार्य करने वाली टीम में साइबर सेल प्रभारी राघवेंद्र प्रताप यादव, उपनिरीक्षक रवि प्रताप सिंह सेंगर, कांस्टेबल अभिषेक मौर्य, रिजर्व कांस्टेबल नीरज कुमार और महिला कांस्टेबल रम्भा यादव शामिल रहे।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि साइबर ठगी होने पर घबराएं नहीं और तत्काल 1930 साइबर हेल्पलाइन अथवा एनसीआरपी पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि ठगी की रकम को समय रहते फ्रीज कराकर वापस कराने की कार्रवाई की जा सके।



