पयागपुर के आदर्श मिश्रा ने रचा सफलता का नया अध्याय, लखनऊ विश्वविद्यालय से हासिल की वाणिज्य में पीएचडी
एफएमसीजी कंपनियों की लाभांश नीति और निवेशकों की धारणा पर किया शोध, क्षेत्र में खुशी की लहर

पयागपुर/लखनऊ। पयागपुर क्षेत्र के ग्राम शंभूटिकरी निवासी आदर्श मिश्रा ने उच्च शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल करते हुए लखनऊ विश्वविद्यालय से वाणिज्य (कॉमर्स) विषय में पीएचडी की उपाधि प्राप्त की है। उनकी इस उपलब्धि से परिजनों, गुरुजनों सहित क्षेत्रवासियों में हर्ष का माहौल है। ग्रामीण परिवेश से निकलकर उच्च शिक्षा के क्षेत्र में यह मुकाम हासिल करने वाले आदर्श मिश्रा की सफलता को क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणादायक माना जा रहा है।
आदर्श मिश्रा ने लखनऊ विश्वविद्यालय के वाणिज्य विभाग में अपना शोध कार्य विभागाध्यक्ष प्रोफेसर अवधेश त्रिपाठी के कुशल निर्देशन में पूरा किया। उनके शोध का विषय “कंपनी के मूल्यांकन में लाभांश नीति की भूमिका तथा निवेशकों की धारणा पर इसका प्रभाव—एफएमसीजी कंपनियों के विशेष संदर्भ में” रहा।
शोध के दौरान उन्होंने एफएमसीजी कंपनियों की लाभांश नीति, कंपनी के मूल्यांकन तथा निवेशकों की सोच एवं धारणा के बीच संबंधों का गहन अध्ययन और विश्लेषण किया। उनका शोध कॉरपोरेट वित्त एवं निवेश संबंधी निर्णयों के महत्वपूर्ण पहलुओं पर केंद्रित रहा।
पीएचडी की उपाधि मिलने के बाद आदर्श मिश्रा ने अपनी सफलता का श्रेय गुरुजनों के निरंतर मार्गदर्शन, परिवार के सहयोग और अपनी कड़ी मेहनत को दिया। उन्होंने कहा कि इस उपलब्धि के पीछे उनके परिजनों और शिक्षकों का महत्वपूर्ण योगदान रहा है।
आदर्श मिश्रा मानस प्रवक्ता विनय मिश्र के इकलौते पुत्र हैं। वहीं वे राम नारायण सिंह इंटर कॉलेज, खजुरी के पूर्व प्रवक्ता रामदेव मिश्र के पौत्र हैं। उनकी सफलता पर चाचा संजय मिश्रा, जगदम्बा प्रसाद मिश्रा, मंगल शर्मा सहित अनेक परिजनों, शुभचिंतकों और क्षेत्रवासियों ने बधाई दी तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
क्षेत्रवासियों का कहना है कि आदर्श मिश्रा ने अपनी मेहनत और लगन से न केवल परिवार का गौरव बढ़ाया है, बल्कि ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं के सामने उच्च शिक्षा में आगे बढ़ने की एक प्रेरणादायक मिसाल भी पेश की है।




